आईएसटीएसएल

भारत एसएमई टेक्नोलॉजी सर्विसेज लिमिटेड (आईएसटीएसएल) की स्थापना सिडबी द्वारा इंडियन बैंक, ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स, इंडियन ओवरसीज बैंक और भारतीय स्टेट बैंक के साथ मिलकर नवंबर 2005 में की गई थी, जिसका प्रमुख उद्देश्य एमएसएमई क्षेत्र में तकनीकी आधुनिकीकरण की प्रक्रिया को सुदृढ़ और तेज करना था ।

इसी तरह की गतिविधियों में लगे राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय संगठनों के साथ महत्वपूर्ण साझेदारी के माध्यम से, आईएसटीएसएल ने एमएसएमई के लिए विशेषज्ञ प्रौद्योगिकी सलाह और परामर्श सेवाएं प्रदान की हैं ताकि वे नवीनतम तकनीकी विकास से और अच्छा बने और तेजी से बदलते बाजार की जगह में अपनी प्रासंगिकता बनाए रख सकें। यह आधुनिक प्रौद्योगिकियों के अर्जन हेतु घरेलू और वैश्विक स्तर पर अवसरों को टैप करने के लिए एमएसएमई के लिए एक मंच प्रदान करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

आईएसटीएसएल द्वारा की जाने वाली प्रमुख तकनीकी विकास सेवाओं में प्रौद्योगिकी विकल्प, मैच-मेकिंग, वित्तीय समूहन और बिजनेस सहयोग, सूचना संगोष्ठियाँ/ बैठकें और मार्केट सपोर्ट देने पर सूचनाएं शामिल करना शामिल हैं। आईएसटीएसएल का एक अन्य महत्वपूर्ण योगदान एमएसएमई क्षेत्र में ऊर्जा दक्ष , पर्यावरण अनुकूल प्रौद्योगिकियों को बढ़ावा देने पर केंद्रित है, साथ ही यह एमएसएमई क्षेत्र में ग्रीन हाउस गैसों में कमी लाने के लिए काफी प्रयास कर रहा है।

आई एस टी एस एल नवीकरणीय ऊर्जा (विशेष रूप से सोलार रूफ टॉप पीवी सिस्टम परियोजनाओं) के कार्यान्वयन के लिए परियोजना प्रबंधन परामर्श सेवाएं भी प्रदान कर रहा है।

आई एस टी एस एल शून्य दोष – शून्य प्रभाव (जेड ई डी) योजना जागरूकता कार्यशालाओं के एमएसएमई के बीच संचालन के लिए चुनी गई बहुत कम एजेंसियों में से एक है।आई एस टी एस एल को एकल बिंदु पंजीकरण योजना के तहत "द नेशनल स्मॉल इंडस्ट्रीज कॉर्पोरेशन लिमिटेड" के साथ एक तकनीकी निरीक्षण एजेंसी के रूप में भी सूचीबद्ध किया गया है।

अधिक जानकारी के लिए कृपया https://www.istsl.in पर जाएँ।